देशभर में जल्द लागू होगा AI बेस्ड डिजिटल टोल सिस्टम, केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने दी जानकारी
नई दिल्ली। AI Road Maintenance Plan: केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने आज 18 दिसंबर को संसद में एक नए प्लान के बारे में बताया है। जिसके तहत अब 2026 के अंत तक देशभर में GPS आधारित और सैटेलाइट-समर्थित टोल कलेक्शन सिस्टम पूरी तरह लागू कर दिया जाएगा। इसके साथ ही अब सड़कों और हाईवे की निगरानी के लिए AI गाड़ियां तैनात की जाएंगी।
बता दें कि, ये AI गाड़ियां सड़क पर गड्डे, दरार देखते ही उसकी फोटो और डेटा को सीधे केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय में भेजेगा। जिससे की ठेकेदारों की मनमानी पर रोक लगेगी और इससे सड़कों की हालत भी सुधरेगी। वहीं GPS आधारित और सैटेलाइट-समर्थित टोल कलेक्शन सिस्टम पूरी तरह लागू कर दिया जाएगा। इस नई व्यवस्था का मकसद टोल प्लाजा पर लगने वाली लाइनों को खत्म करना और यात्रियों के समय व फ्यूल की बचत करना है।
यह सिस्टम मौजूदा FASTag व्यवस्था से एक कदम आगे होगा, जहां टोल देने के लिए गाड़ी को धीमा करने या रोकने की जरूरत नहीं पड़ेगी। इसके साथ ही वाहन चलते-चलते ही टोल कट जाएगा और सफर पूरी तरह बिना रुकावट के होगा। हालांकि, सरकार ने साफ किया है कि FASTag फिलहाल खत्म नहीं किया जा रहा। ये नया AI बेस्ड सिस्टम FASTag के साथ मिलकर काम करेगा।
AI Road Maintenance Plan: बता दें कि, FASTag ने टोल कलेक्शन में कई टोल प्लाजा पर आज भी जाम लगना, टैग स्कैन न होना, बैरियर खुलने में देरी और लेन बदलने की वजह से ट्रैफिक रुकने जैसी समस्याएं सामने आती रही हैं। जिस वजह से ट्रैफिक भी तेजी से बढ़ा रहा है। इसके साथ ही उन्होंने बताया की पुराने टोल सिस्टम से समय की भी बचत नहीं हो रही है और ना ही फ्यूल की बजत। जिस वजह से सरकार अब डिजिटल टोलिंग सिस्टम की तरफ बढ़ रही है.




