ऑनलाइन धोखाधड़ी का पर्दाफाश, क्राइम ब्रांच का अधिकारी बताकर की करोड़ों की ठगी, 24 घंटे रखा डिजिटल अरेस्ट
हिमांशु पटेल/ रायपुर। Digital Arrest: साइबर अपराधों के खिलाफ चलाए जा रहे ऑपरेशन साइबर शील्ड के तहत रायपुर रेंज साइबर थाना पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए “डिजिटल अरेस्ट” के नाम पर करोड़ों की ठगी करने वाले मुख्य आरोपी को हरियाणा से गिरफ्तार किया और ठगी की रकम को जब्त करने के निर्देश दिए।
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, प्रार्थी सपन कुमार ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी उसे अज्ञात मोबाइल नंबर से फोन आया था जिसमें आरोपी ने खुद को मुंबई क्राइम ब्रांच का अधिकारी बताकर पीड़ित को क्रेडिट कार्ड के विरुद्ध मनी लॉन्ड्रिंग का का झूठा मामला दर्ज होने की बात कही। इसके बाद 24 घंटे व्हाट्सएप वीडियो कॉल पर रखकर तथाकथित “डिजिटल अरेस्ट” में रखा। इस दौरान आरोपी ने करीब 1.25 करोड़ रुपये की ठगी कर ली। जिसके बाद पीड़ित ने थाना विधानसभा में अपराध क्रमांक 22/26 धारा 318(4), 3(5) बीएनएस एवं 66(D) आईटी एक्ट के तहत अपराध पंजीबद्ध कराया।
वहीं पुलिस महानिरीक्षक रायपुर रेंज अमरेश मिश्रा द्वारा मामले की गंभीरता को देखते तकनीकी साक्ष्यों का विश्लेषण कर मुख्य आरोपियों के विरुद्ध कार्रवाई करने निर्देश दिया गया था। विवेचना के दौरान ठगी की राशि को विभिन्न लेयर के बैंक खातों में ट्रांसफर किया जाना पाया गया, जिसे चिन्हित कर तत्काल प्रभाव से होल्ड कराया गया। आगे की विधिक कार्रवाई करते हुए माननीय न्यायालय की प्रक्रिया के माध्यम से ₹58 लाख की राशि पीड़ित को वापस भी दिलाए जा चुके हैं, जबकि शेष राशि भी आरोपी से जुड़े खातों में होल्ड कर ली गई है, जिस पर आगे वैधानिक कार्रवाई की जा रही है।
Digital Arrest: वहीं जांच के दौरान आरोपी की पहचान सोमनाथ महतो (27 वर्ष) के रूप में हुई, जो आर मंगलम यूनिवर्सिटी सोहना गुड़गांव हरियाणा का रहने वाला था और घटना के बाद से लगातार अपना स्थान बदल रहा था। उसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीम को दिल्ली एवं हरियाणा रवाना किया गया। पुलिस टीम द्वारा सतत प्रयास करते हुए मुख्य आरोपी सोमनाथ महतो को गुड़गांव, हरियाणा से गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश कर न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया है।




