छत्तीसगढ़ बना सूचना-प्रसार का रोल मॉडल, महाराष्ट्र के अधिकारियों ने सराहा कार्यप्रणाली
Chhattisgarh becomes role model for information dissemination, Maharashtra officials praise its working process

रायपुर रिपोर्टर:- सुधीर वर्मा
छत्तीसगढ़ राज्य सूचना और जनसंपर्क के क्षेत्र में अपनाई गई नवाचारों और तकनीकी कार्यप्रणालियों के चलते अब अन्य राज्यों के लिए रोल मॉडल बन गया है। महाराष्ट्र सरकार के जनसंपर्क एवं सूचना विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों का छह सदस्यीय अध्ययन दल 5 से 7 अगस्त तक तीन दिवसीय दौरे पर छत्तीसगढ़ आया। इस दौरे का उद्देश्य छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा सूचना और प्रचार-प्रसार के क्षेत्र में अपनाई गई नीतियों और तकनीकी नवाचारों का प्रत्यक्ष अवलोकन करना था।

दल में उप सचिव समृद्धि अंगोलकर और निदेशक किशोर गंगरडे समेत कुल छह वरिष्ठ अधिकारी शामिल थे। उन्होंने छत्तीसगढ़ संवाद और जनसंपर्क विभाग की ई-न्यूज़ क्लिपिंग, ई-आरओ सिस्टम, ई-पब्लिकेशन, पत्रकार अधिमान्यता प्रणाली और पत्रकार कल्याण योजनाओं का अध्ययन किया।

इंद्रावती भवन स्थित जनसंपर्क संचालनालय एवं संवाद कार्यालय का भ्रमण कर अध्ययन दल ने विभाग की कार्यप्रणाली को निकट से जाना। इस दौरान अपर संचालक जे.एल. दरियो, उमेश मिश्रा और संजीव तिवारी ने विभाग की गतिविधियों और तकनीकी अनुप्रयोगों की जानकारी दी।

दल ने जनसंपर्क आयुक्त डॉ. रवि मित्तल से भी मुलाकात की। डॉ. मित्तल ने बताया कि जनहितकारी योजनाओं की जानकारी पारदर्शी और प्रभावी ढंग से जनता तक पहुँचाना विभाग की प्राथमिकता रही है। तकनीक और मानवीय दृष्टिकोण के संतुलन ने विभाग की कार्यशैली को विशिष्ट बनाया है। महाराष्ट्र से आए अधिकारियों ने छत्तीसगढ़ की कार्यप्रणाली की प्रशंसा करते हुए इसे अपने राज्य में लागू करने की रुचि जताई। इस अवसर पर जनसंपर्क विभाग और संवाद के कई अधिकारी मौजूद रहे।




