Raipur News: हरिहर क्षेत्र केदार द्वीप क्षेत्र के विकास के शिल्पी शांताराम जी का निधन, 94 साल की उम्र में ली अंतिम सांस
रायपुर। Raipur News: हरिहर क्षेत्र केदार द्वीप मदकू के पुरातात्विक और आध्यात्मिक वैभव को पुनः प्रतिष्ठित करने वाले समाजसेवी एवं संघ के वरिष्ठ प्रचारक शांताराम जी का 94 वर्ष की आयु में रायपुर में निधन हो गया। भारतीय स्टेट बैंक में प्रबंधक के पद पर रहते हुए उन्होंने उच्च पद और सुविधाओं का त्याग कर हिंदू समाज को संगठित करने का संकल्प लिया और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के पूर्णकालिक कार्यकर्ता बन गए। संघ में रहते हुए उन्होंने क्रमशः जिला, विभाग, प्रांत प्रचारक और क्षेत्र सम्पर्क प्रमुख जैसे महत्वपूर्ण दायित्वों का निर्वहन किया।
शांताराम जी का व्यक्तित्व सेवा, संगठन और समाजोत्थान की अदम्य भावना से ओत-प्रोत था। वर्ष 1990 से उन्होंने हरिहर क्षेत्र केदार द्वीप मदकू को पुनः स्थापित और विकसित करने का मिशन अपनाया। उनके मार्गदर्शन और अथक प्रयासों से यह क्षेत्र न केवल धार्मिक और सांस्कृतिक दृष्टि से पुनर्जीवित हुआ, बल्कि शोधकर्ताओं और श्रद्धालुओं का प्रमुख आकर्षण भी बना।
विशेष उल्लेखनीय है कि पुरातत्त्वविद पद्मश्री स्व. अरूण शर्मा जी और माननीय शांताराम जी की जोड़ी को लोग राम-लक्ष्मण की उपमा देते थे। हरिहर क्षेत्र केदार द्वीप मदकू के पुरातात्विक उत्खनन और विकास कार्यों में दोनों की आपसी समझ और समर्पण की मिसाल क्षेत्रवासी आज भी गर्व से देते हैं। यह अनूठी संगति ही थी जिसने मदकू द्वीप के भूले-बिसरे पुरातात्विक वैभव को पुनः दुनिया के सामने लाकर प्रतिष्ठित किया।
मदकू के साथ ही शांताराम जी ने बैतलपुर की कुष्ठ बस्ती चंदरपुर में शिव मंदिर निर्माण, चिकित्सा सेवाएँ और सामाजिक समस्याओं के समाधान के लिए कार्य किया। नवागढ़ के शमी गणेश मंदिर के पुनर्निर्माण में प्रेरणा देना हो या मदकू एवं दरूवनकांपा क्षेत्र में सेवा और चिकित्सा कार्य को गति देना—उनके जीवन का प्रत्येक क्षण समाज के कल्याण हेतु समर्पित रहा।
Raipur News: बता दें कि, उनका जीवन समाज सेवा और संगठन शक्ति का जीवंत उदाहरण रहा। उनके मार्गदर्शन से अनेक कार्यकर्ताओं ने प्रेरणा लेकर जनसेवा का मार्ग अपनाया। शांताराम जी की अंतिम इच्छा के अनुसार 06 सितम्बर 2025, शनिवार को प्रातः 8 से 10 बजे तक जाग्रति मण्डल, रायपुर में अंतिम दर्शन हेतु उनके पार्थिव शरीर को रखा जाएगा। तत्पश्चात मध्याह्न 12 बजे हरिहर क्षेत्र केदार द्वीप मदकू में उनका अंतिम संस्कार किया जाएगा। उनका निधन न केवल हरिहर क्षेत्र केदार द्वीप समूह के लिए बल्कि संपूर्ण समाज के लिए अपूरणीय क्षति है। उनकी स्मृति और आदर्श भावी पीढ़ियों को सदैव प्रेरणा प्रदान करते रहेंगे।




