
धमदाहा (पूर्णिया): पूर्णिया के धमदाहा की हरी-भरी जमीन, जहां खेतों की महक और गांव की सादगी बसती है, वहां एक प्रेम कहानी ने ऐसा डरावना रुख लिया कि सुनने वाले दंग रह गए। 21 साल का रिशु कुमार, एक नौजवान, जिसके दिल में प्यार की मासूम सी धड़कन थी, अपनी प्रेमिका के बुलावे पर चला गया, लेकिन उसे क्या पता था कि ये बुलावा उसकी जिंदगी का आखिरी दिन होगा। ये कहानी दिल को झकझोर देने वाली है।

प्यार का बुलावा, मौत का जाल
धमदाहा का अमारी गांव, जहां प्यार की बातें चुपके-चुपके होती हैं, वहां रिशु का दिल अपनी प्रेमिका पर आया था। राजघाट गैरेल का ये लड़का, अपनी बाइक पर सवार होकर, 20 अगस्त की सुबह 9 बजे उसकी प्रेमिका के घर की ओर निकला। मन में शायद प्यार की मिठास थी, उससे मिलने की खुशी थी। लेकिन उसे कहां पता था कि ये बुलावा एक खतरनाक साजिश है। वहां प्यार नहीं, बल्कि लाठियां, डंडे और धारदार हथियार उसका इंतजार कर रहे थे।
जैसे ही रिशु प्रेमिका के आंगन में पहुंचा, वहां पहले से तैयार बैठे उसके घरवाले उस पर टूट पड़े। लड़की के बाप जयप्रकाश सहनी और उसके साथियों ने, जैसे जंगली जानवर हों, रिशु को लाठियों और हथियारों से मारना शुरू कर दिया। ये कोई छोटी-मोटी मारपीट नहीं थी, ये एक सोची-समझी साजिश थी। रिशु की चीखें गांव की खामोशी को तोड़ती रहीं, लेकिन मारने वालों का दिल जरा भी नहीं पसीजा। उन्होंने उसे इतना पीटा कि वो खून से लथपथ जमीन पर गिर पड़ा, बेसुध।
क्रूरता की हद
“आओ, बेटे को ले जाओ”इस कहानी का सबसे डरावना हिस्सा तब आया, जब इन लोगों ने रिशु को अधमरा करने के बाद उसके फोन से उसके घरवालों को कॉल किया। दूसरी तरफ से ठंडी, बेरहम आवाज आई: “तुम्हारा बेटा यहां है, बंधा पड़ा है। आकर छुड़ा लो।” ये कोई मदद की पुकार नहीं थी, ये तो जैसे मौत का तमाशा था।रिशु की मां और भाई, डर और घबराहट में, धमदाहा पुलिस को लेकर मौके पर पहुंचे। लेकिन वहां का नजारा किसी बुरे सपने से कम नहीं था।
रिशु खून में डूबा पड़ा था, और हमलावरों ने उसके घरवालों को गालियां देकर भगा दिया। किसी तरह पुलिस और परिजनों ने रिशु को वहां से निकाला और पूर्णिया के अस्पताल ले गए। लेकिन उसकी हालत इतनी खराब थी कि डॉक्टरों ने उसे तुरंत पटना भेज दिया।
21 अगस्त की दोपहर 2 बजे, पटना के अस्पताल में रिशु की सांसें थम गईं। वो दिल, जो कभी प्यार की धुन में धड़कता था, अब हमेशा के लिए खामोश हो गया। उसकी मौत ने न सिर्फ उसके घरवालों को तोड़ दिया, बल्कि पूरे धमदाहा में सनसनी फैल गई। गांव की गलियों में अब सिर्फ रिशु की अधूरी प्रेम कहानी और उसकी चीखों की गूंज बाकी थी। रिशु के घरवालों की शिकायत पर धमदाहा पुलिस हरकत में आई। जयप्रकाश सहनी और 15 दूसरे लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया। एक आदमी को पकड़ लिया गया, और बाकियों की तलाश में पुलिस छापेमारी कर रही है।




