राजस्व महा-अभियान: तीन दिनों में 23 लाख से ज़्यादा जमाबंदी वितरित, शेखपुरा रहा नंबर वन
बिहार में राजस्व महा-अभियान के तहत 3 दिनों में 23 लाख से अधिक जमाबंदी पंजी की प्रतियां बांटी गईं।
मुख्य बातें
पूरे राज्य में कुल जमाबंदी का 6.41% वितरण हुआ।
शेखपुरा ने 24.02% वितरण के साथ राज्य में पहला स्थान हासिल किया।
जहानाबाद, कैमूर, नवादा, और पूर्णिया टॉप 5 ज़िलों में शामिल हैं।
इस अभियान का उद्देश्य ग्रामीणों को ऑफिस के चक्कर काटने से राहत दिलाना है।
PATNA : राजस्व और भूमि सुधार विभाग द्वारा चलाए जा रहे ‘राजस्व महा-अभियान’ को बड़ी सफलता मिली है। इस अभियान के पहले तीन दिनों (16 अगस्त से 18 अगस्त) में ही पूरे राज्य में 23 लाख 08 हज़ार 574 जमाबंदी पंजी की प्रतियां रैयतों को वितरित की गईं। यह उपलब्धि राज्य में मौजूद कुल 3 करोड़, 59 लाख, 88 हज़ार 935 जमाबंदियों का 6.41% है।

इस अभियान में ज़िलों के प्रदर्शन में शेखपुरा सबसे आगे रहा, जहाँ कुल जमाबंदी का 24.02% वितरण किया गया। इसके बाद दूसरे स्थान पर जहानाबाद (14.48%), तीसरे पर कैमूर (13.78%), चौथे पर नवादा (13.72%), और पाँचवें पर पूर्णिया (11.35%) रहा। अन्य टॉप ज़िलों में अररिया (11.16%), खगड़िया (11.15%), वैशाली (10.41%), गोपालगंज (10.28%), और किशनगंज (9.29%) शामिल हैं।
इस महा-अभियान के तहत, राजस्व विभाग की टीमें गांव-गांव जाकर न सिर्फ़ जमाबंदी की प्रतियाँ उपलब्ध करा रही हैं, बल्कि मौके पर ही अभिलेखों की अशुद्धियों में सुधार, बंटवारा, नामांतरण और छूटी हुई जमाबंदियों को ऑनलाइन करने जैसे काम भी किए जा रहे हैं। इसका मुख्य मकसद लोगों को ज़मीन से जुड़े काम के लिए सरकारी दफ़्तरों के चक्कर लगाने से मुक्ति दिलाना है।




