पड़ोसी युवकों ने बहला कर ले गया और मासूम की जान गई: जंगल में मिला 11 वर्षीय आर्यन का क्षत-विक्षत शव
स्कूल से टिफिन के समय अपहरण कर ले गए थे आरोपी; दो गिरफ्तार, हत्या की वजह अब तक रहस्य

सोनो (जमुई): रजौन गांव का 11 वर्षीय छात्र आर्यन उर्फ पवन बुधवार को स्कूल से लौटने की तैयारी में था, मगर टिफिन का समय ही उसकी जिंदगी का आखिरी पड़ाव बन गया. गुरुवार को उसका शव चरका पहाड़ी के घाघा जंगल में क्षत-विक्षत हालत में मिला तो पूरे इलाके से मातमी आवाजें उठीं.
परिवार का आरोप है कि पड़ोस में रहने वाले दो युवक—नीरज दास और अविनाश दास—उसे बहला-फुसलाकर बाइक से जंगल ले गए थे. पुलिस ने दोनों को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि हत्या की वजह अभी तक साफ नहीं हो सकी है.
पुलिस जांच में सामने आया है कि आर्यन को जिस योजना के तहत जंगल ले जाया गया, वह सुनियोजित लगती है. पिता दिनेश दास द्वारा दर्ज प्राथमिकी में दोनों युवकों के साथ उनके परिवार के कई सदस्यों को भी आरोपी बनाया गया है.
देर शाम तक आर्यन के घर नहीं लौटने पर परिजन खोजबीन में जुटे, लेकिन कोई सुराग नहीं मिला. पिता ने थाने में गुहार लगाई, परिजनों का आरोप है कि शुरुआत में पुलिस ने तत्परता नहीं दिखाई. पुलिस विश्लेषण के मुताबिक, अपहरण के बाद हत्या उसी रात की गई होगी.
आर्यन की मां का चीत्कार शव पहुंचते ही गूंज उठा और पूरा माहौल गमगीन हो गया. 11 वर्षीय पवन तीन भाइयों में सबसे बड़ा था. परिवार अब न्याय की गुहार लगाते हुए कड़ी कार्रवाई की मांग कर रहा है.
एसडीपीओ राजेश कुमार ने बताया कि मामले की कई एंगल से जांच की जा रही है. एक आरोपी के साइबर अपराध से संबंध की भी छानबीन की जा रही है. पुलिस अन्य आरोपितों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी कर रही है.




