Vedanta Power Plant हादसे पर कंपनी और एनजीएसएल प्रबंधन के खिलाफ FIR दर्ज

प्रविंस मनहर/रायपुर – Vedanta Power Plant : सक्ती जिले में स्थित वेदांता पावर प्लांट में हुए भीषण हादसे ने पूरे प्रदेश को झकझोर कर रख दिया है। इस दर्दनाक घटना में अब तक 20 श्रमिकों की मौत हो चुकी है,जबकि 15 से अधिक मजदूर घायल बताए जा रहे हैं।
Read More : वेदांता पावर प्लांट हादसा, मृतकों की संख्या बढ़कर हुई 19, मलबे में शव दबे होने की आशंका
Vedanta Power Plant : सूत्रों की माने तो प्रारंभिक जांच और FSL Report में सामने आया है कि boiler furnace में अत्यधिक मात्रा में ईंधन जमा होने के कारण अंदर दबाव बढ़ गया था। इसी बढ़े हुए दबाव के चलते बायलर का निचला पाइप अपनी जगह से हट गया, जिससे यह बड़ा विस्फोट हुआ। जांच में यह भी खुलासा हुआ है कि मशीनरी के मेंटेनेंस और संचालन में गंभीर लापरवाही बरती गई थी।
Read More : वेदांता पॉवर प्लांट हादसे में अब तक 14 की मौत, मृतकों के परिजनों और घायलों को मिलेगी मुआवजा राशि, PM और CM ने किया ऐलान
Vedanta Power Plant : इस लापरवाही को हादसे की मुख्य वजह माना जा रहा है। इस मामले में बड़ी कार्रवाई करते हुए वेदांता कंपनी और NGSL प्रबंधन के खिलाफ FIR दर्ज की गई है। कंपनी के निदेशक अनिल अग्रवाल,मैनेजर देवेंद्र पटेल समेत अन्य जिम्मेदार लोगों को आरोपी बनाया गया है। सक्ती एसपी प्रफुल्ल ठाकुर के निर्देश पर अपराध दर्ज किया गया है, वहीं एएसपी पंकज पटेल की अगुवाई में एक विशेष जांच टीम गठित की गई है जो पूरे मामले की गहन जांच कर रही है।




