Jamui Gilr Molesting Case: जमुई छेड़खानी मामले में बड़ा एक्शन, पुलिस एनकाउंटर में एक आरोपी घायल, तो दूसरे का टूटा पैर
जमुई। Jamui Gilr Molesting Case: बिहार के जमुई में नाबालिग छात्र-छात्रा से कथित बदसलूकी और छेड़छाड़ के वायरल वीडियो मामले में पुलिस ने फरार आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई तेज कर दी है। मंगलवार को पुलिस और फरार आरोपियों के बीच मुठभेड़ की सूचना सामने आई। इस दौरान मामले के मुख्य आरोपी बताए जा रहे नंदन यादव के पैर में गोली लगने की जानकारी है। वहीं, दूसरे आरोपी हरे राम के पैर टूटने की खबर है। दोनों को इलाज के लिए जमुई सदर अस्पताल ले जाया गया है।
फरार आरोपियों की तलाश के दौरान मुठभेड़
वायरल वीडियो सामने आने के बाद जमुई पुलिस ने मामले की जांच तेज करते हुए आरोपियों की पहचान और गिरफ्तारी के लिए अभियान शुरू किया था। पुलिस पहले ही तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी थी, जबकि मुख्य आरोपी समेत कुछ अन्य संदिग्ध फरार बताए जा रहे थे। इसी क्रम में पुलिस की टीम आरोपियों की तलाश में छापेमारी कर रही थी। मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक, इसी कार्रवाई के दौरान पुलिस और आरोपियों के बीच मुठभेड़ हुई। नंदन यादव को पैर में गोली लगने के बाद अस्पताल में भर्ती कराया गया है। हरे राम के भी घायल होने की सूचना है। पुलिस अधिकारियों की ओर से कार्रवाई की पुष्टि की गई है।
वायरल वीडियो से सामने आया था मामला
यह पूरा मामला 19 सितंबर की शाम सामने आई घटना से जुड़ा है। पुलिस के अनुसार, दो नाबालिग छात्र-छात्रा कोचिंग से लौटने के बाद एक पहाड़ी इलाके की ओर गए थे। वहां कुछ युवकों ने उन्हें रोक लिया। इसके बाद उनके साथ कथित तौर पर मारपीट और अभद्र व्यवहार किया गया। घटना का वीडियो रिकॉर्ड होकर सोशल मीडिया पर वायरल हो गया, जिसके बाद पुलिस ने स्वतः संज्ञान लेते हुए जांच शुरू की। पुलिस के मुताबिक, घटना जमुई-लखीसराय मुख्य मार्ग से करीब तीन किलोमीटर दूर पहाड़ी क्षेत्र में हुई थी। वीडियो सामने आने के बाद पुलिस ने पीड़ितों की पहचान कर उनसे जानकारी ली और फुटेज के आधार पर आरोपियों तक पहुंचने की कार्रवाई शुरू की।
तीन आरोपी पहले ही गिरफ्तार
वायरल वीडियो के आधार पर पुलिस ने कई संदिग्धों की पहचान की थी। इसके बाद तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया गया और बाकी आरोपियों की तलाश के लिए विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया गया। SIT की निगरानी में फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए अलग-अलग स्थानों पर छापेमारी की जा रही थी। मामले में पुलिस ने नाबालिगों से जुड़े अपराधों के प्रावधानों के तहत केस दर्ज किया है। अधिकारियों का कहना है कि जांच के दौरान जिसकी भी भूमिका सामने आएगी, उसके खिलाफ कानून के अनुसार कार्रवाई की जाएगी।




