UP Election 2027: गृह मंत्री अमित शाह ने भरी चुनावी हुंकार, कार्यकर्ताओं को दिया जीत का मंत्र, बोले- यूपी में फिर बनेगी BJP सरकार
अमित शाह ने अपने संबोधन की शुरुआत पार्टी कार्यकर्ताओं को सम्मान देते हुए की। उन्होंने कार्यकर्ताओं को पार्टी का असली आधार बताते हुए कहा, “भाजपा के मालिक देवतुल्य कार्यकर्ताओं को मेरा राम-राम।” उन्होंने कहा कि बीजेपी की असली ताकत उसका बूथ स्तर का कार्यकर्ता है, जिसकी मेहनत से पार्टी ने कई ऐतिहासिक चुनावी सफलताएं हासिल की हैं।
योगी सरकार की तारीफ, UCC लागू करने का ऐलान
अपने संबोधन में अमित शाह ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व वाली सरकार की भी सराहना की। उन्होंने कहा कि पहले उत्तर प्रदेश में माफियाओं का प्रभाव था, लेकिन कठोर शासन के जरिए प्रदेश को इस स्थिति से बाहर निकाला गया है। शाह ने राम मंदिर निर्माण और अनुच्छेद 370 का जिक्र करते हुए केंद्र सरकार की उपलब्धियां गिनाईं। उन्होंने समान नागरिक संहिता (UCC) को लेकर भी बड़ा राजनीतिक संदेश दिया। शाह ने कहा कि कई राज्यों में UCC लागू हो चुका है और उत्तर प्रदेश में बीजेपी की सरकार बनने पर इसे लागू किया जाएगा।
रामभक्तों पर गोलीकांड का जिक्र कर सपा पर निशाना
अमित शाह ने अपने भाषण में समाजवादी पार्टी को भी निशाने पर लिया। उन्होंने मुलायम सिंह यादव के कार्यकाल में अयोध्या में कारसेवकों पर हुई गोलीबारी का मुद्दा उठाया। शाह ने आरोप लगाया कि उस समय रामभक्तों पर गोलियां चलाई गई थीं। सपा प्रमुख अखिलेश यादव पर निशाना साधते हुए उन्होंने सवाल किया कि आखिर किस आधार पर वे दोबारा प्रदेश में सरकार बनाने की बात कर रहे हैं। शाह ने दावा किया कि उत्तर प्रदेश में बीजेपी की सरकार मजबूत स्थिति में है और उसे सत्ता से हटाना आसान नहीं होगा।
2017 और 2022 के चुनावी प्रदर्शन की दिलाई याद
बीजेपी कार्यकर्ताओं में उत्साह भरते हुए अमित शाह ने पिछले विधानसभा चुनावों के आंकड़ों का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि 2017 के विधानसभा चुनाव में पार्टी को करीब 40 प्रतिशत वोट और 312 सीटें मिली थीं। वहीं, 2022 में भी बीजेपी ने लगभग 41 प्रतिशत वोट हासिल कर बहुमत के साथ सत्ता में वापसी की थी। उन्होंने कार्यकर्ताओं से अगले चुनाव को लक्ष्य बनाकर पूरी ताकत से जुटने का आह्वान किया। शाह ने अर्जुन की मछली की आंख पर निशाना साधने वाली रणनीति का उदाहरण देते हुए कहा कि कार्यकर्ताओं को अपना पूरा ध्यान 2027 के विधानसभा चुनाव पर केंद्रित करना होगा।
2,850 नेताओं और पदाधिकारियों की मौजूदगी में चुनावी मंथन
लखनऊ में आयोजित इस प्रदेश कार्यसमिति की बड़ी बैठक में संगठन और सरकार से जुड़े करीब 2,850 प्रतिनिधियों के शामिल होने की जानकारी है। बैठक में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य और ब्रजेश पाठक, केंद्र सरकार में शामिल उत्तर प्रदेश के मंत्री, सांसद, विधायक, जिलाध्यक्ष और विभिन्न मोर्चों के पदाधिकारी मौजूद रहे। बैठक में संगठन को मजबूत करने, सरकार की योजनाओं को जनता तक पहुंचाने और आगामी चुनाव के लिए कार्यकर्ताओं की भूमिका तय करने जैसे मुद्दों पर चर्चा की जा रही है।
2027 में बीजेपी के सामने बड़ी चुनौती
उत्तर प्रदेश में 2027 का विधानसभा चुनाव बीजेपी के लिए बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। साल 2017 में शानदार जीत के बाद पार्टी ने 2022 में भी सत्ता बरकरार रखी थी। हालांकि, 2024 के लोकसभा चुनाव में समाजवादी पार्टी के बेहतर प्रदर्शन ने प्रदेश की राजनीति में नए समीकरण सामने रखे हैं।
UP Election 2027: ऐसे में बीजेपी के सामने अपनी सरकार को दोबारा सत्ता में लाने के साथ संगठन को मजबूत करने और सामाजिक समीकरणों को साधने की चुनौती है। लखनऊ की प्रदेश कार्यसमिति की बैठक को इसी चुनावी तैयारी के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। अमित शाह के संबोधन से साफ है कि पार्टी ने 2027 के चुनाव को लेकर संगठन और बूथ स्तर पर सक्रियता बढ़ाने पर जोर देना शुरू कर दिया है।




