‘ये विनाश का बजट है’, बजट को लेकर पूर्व सीएम भूपेश बघेल का बड़ा बयान, कहा-पुरानी परंपराओं को तोड़ रही सत्ता पक्ष
रायपुर। Congress On CG Budget: वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने आज मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के कार्यकाल का तीसरा बजट विधानसभा में वित्त वर्ष 2026-27 के लिए SANKALP थीम पर आधारित 1 लाख 72 हजार करोड़ रुपये का बजट पेश किया। वहीं इसे लेकर अब विपक्ष ने सरकार पर हमला बोल दिया है।
बजट को लेकर पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल का ब्यान सामने आया है। जिसमें उन्होंने कहा कि, ये विनाश का बजट है। इस बजट में ना महिलाओं के लिए है, ना किसानों के लिए है ना, मजदूर के लिए कुछ है। उन्होंने कहा कि, पौने दो घंटे का भाषण पूरा उबाउ और निराश था। एक-एक सड़क का नाम मंत्री पढ़ रहे थे,ये सैंकड़ों हजारों करोड़ का बजट होता उसमें लेते हैं लेकिन ये एक एक चौक चौराहे का नाम गिन रहे थे।
धान खरीदी को लेकर कहा कि, रकबा बढ़ा उत्पादन बढ़ा फिर भी 3100 में धान ख़रीदे फिर भी पिछली बार से 7 लाख मेट्रिक टन धान कम खरीदे हैं। वहीं महतारी वंदन को लेकर कहा कि,महतारी वंदन योजना का पोर्टल बंद है, नए विवाहिता आए है उनको लाभ नहीं मिल पा रहा है। भूपेश बघले ने कहा कि, रोजगार के क्षेत्र में सिर्फ बस्तर फाइटर की बात की उसके आलावा कुछ भी नहीं है।
स्कूल शिक्षा के क्षेत्र में बजट जीरो है। स्वामी आत्मानन्द के लिए हमारे समय का बजट था ये उसे ही पढ़ रहे थे। उन्होंने कहा कि, ये पढ़ सब रहे है बन कुछ भी नहीं रहा है, शब्दों का मायाजल है। स्थिति ये है की पूर्व वित्त मंत्री उठकर चले गए। राजयपाल के अभिभाषण हुआ उस पर पहले चर्चा होता था लेकिन अब वो नहीं रहा है। कल तक कटौती प्रस्ताव दिए उसमें परसो चर्चा होंगी। ये सत्ता पक्ष पुराने परंपराओ को तोड़ रहे हैं। ये बजट बेहद ही निराशा जनक है।
नई रेल लाइन को लेकर भूपेश बघेल ने कहा कि, प्रदेश में कोई स्टापेज नहीं है। केवल मालवाहक के लिए पटरी बिछायी जा रही है। यहाँ के लौह अयस्क सम्पदा पर इसकी नजर है। वहीं मोदी की गारंटी को लेकर कहा कि, इस सरकार का ये तीसरा बजट है। इसमें मोदी की गांरटी कहा हैं। 500 मे गैस सिलेंडर देंने जैसे कई वादे किए थे, लेकिन ये सरकार कर्ज पटाने के लिए कर्ज ले रही है।
Congress On CG Budget: भूपेश बघेल ने कहा कि, इस बजट का थीम संकल्प था लेकिन ये अज्ञात, दुर्गती विनाश का संकल्प है। आवास योजना की बात करे तो 1 लाख 20 हजार में क्या कोई मकान बन सकता है। 26 लाख बनाने की बात कर रहे कहा बना है और ना ही अभी तक दूसरी किस्त आई है। इन्होंने वादा किया था कि, घर-घर पानी पहुंचाएंगे। आज पानी की टंकी बनकर खड़ी है लेकिन पानी की सप्लाई नहीं हो पा रही है। सप्लाई के नाम पर बस सड़क उखाड़ रहे हैं नया कुछ भी नहीं हो रहा है।




