प्रदेश के किसानों के लिए राहत, अब नहीं लगाने होंगे दफ्तर के चक्कर, डिजिटल गवर्नेंस की दिशा में बड़ा कदम
हिमांशु पटेल/ रायपुर। CG Digital Kisan Kitab Launch : छत्तीसगढ़ के किसानों के लिए बड़ी राहत और बड़ी तकनीकी पहल की है। राज्य में अब पारंपरिक किसान किताब पुस्तिका पूरी तरह डिजिटल हो गई है। राजस्व मंत्री टंक राम वर्मा ने आज डिजिटल किसान पुस्तिका जारी की। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि राजस्व विभाग में पिछले दो वर्षों में व्यापक सुधार किए गए हैं और यह कदम उसी कड़ी का महत्वपूर्ण हिस्सा है।
मंत्री वर्मा के मुताबिक, अब किसान किताब पुस्तिका भुइया पोर्टल पर ऑनलाइन उपलब्ध रहेगी। किसानों को अपनी जमीन से जुड़ी जानकारी के लिए दफ्तरों के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे। जमीन का विवरण, रकबा, खसरा नंबर और अन्य रिकॉर्ड अब एक क्लिक पर मिल सकेंगे। उन्होंने बताया कि भुइया पोर्टल के माध्यम से यह पुस्तिका समय-समय पर स्वतः अपडेट होती रहेगी। इससे रिकॉर्ड में पारदर्शिता बढ़ेगी और त्रुटियों की संभावना कम होगी। साथ ही किसानों को जमीन की खरीदी-बिक्री से जुड़ी जानकारी और अपडेट भी ऑनलाइन मिलते रहेंगे।
CG Digital Kisan Kitab Launch : वहीं सरकार का दावा है कि, डिजिटल व्यवस्था से किसानों का समय बचेगा, प्रक्रिया सरल होगी और राजस्व विभाग में पारदर्शिता व जवाबदेही और मजबूत होगी।छत्तीसगढ़ में डिजिटल गवर्नेंस की दिशा में इसे एक बड़ा कदम माना जा रहा है।




