GST 2.0 को लेकर गरमाई सियासत, पूर्व मंत्री ने सरकार पर लगाए आरोपी, वोट चोरी के मुद्दे पर भी दिया बड़ा बयान
रायपुर। Shiv Dahria Statement: देशभर में आज जीएसटी 2.0 की नई दरें लागू हो गई है। जिसे लेकर अब राजनीतिक बयानबाजी भी होने लगी है। पूर्व मंत्री शिव डहरिया ने जीएसटी को लेकर एक बयान दिया है, जिसमें उन्होंने कहा है कि, आठ साल पहले राहुल गांधी ने जीएसटी को “गब्बर सिंह टैक्स” कहा था और अब नरेंद्र मोदी ने इसे कम करने का फैसला किया है। उन्होंने कहा है कि, मनमोहन सिंह के सरकार में ख़ुद मना किया की जीएसटी नहीं लगाना चाहिए। फिर ख़ुद जीएसटी लागू किया और आठ सालों तक जनता को लूटा गया। उन्होंने कहा कि,राहुल गांधी ने कहा था की एक दिन सरकार को यह वापस लेना ही पड़ेगा और आज वही हुआ।
पेल्सनेट कर्मचारियों को लेकर दिया बयान
इसके अलावा, शिव डहरिया ने पेल्सनेट कर्मचारियों को वेतन नहीं मिलने पर भी बयान दिया है, जिसमें उन्होंने कहा है कि, पूरे प्रदेश में प्लेसमेंट कर्मचारियों को पैसे नहीं मिल रहे हैं और वे हड़ताल पर जा रहे हैं। उन्होंने यह भी कहा है कि सरकार की गलती के कारण कर्मचारियों को वेतन नहीं मिल पा रहा है। सरकार ही प्लेसमेंट एजेंसी को पैसे नहीं दे रही है।यह प्रजातांत्रिक नियमों का उल्लंघन है।
वोट चोर गद्दी छोड पर दिया बयान
Shiv Dahria Statement: शिव डहरिया ने चीफ इलेक्शन कमीशन पर भी सवाल उठाए हैं और कहा है कि बीजेपी सरकार प्रजातांत्रिक व्यवस्थाओं को कमजोर करने का काम कर रही है। मोदी चाहते हैं कि, जनता के वोट से नहीं तो चोरी से सरकार बननी चाहिए। वोट चोरी करने के लिए उन्हें राष्ट्रपति जितनी शक्ति दे दी। चीफ इलेक्शन कमिश्नर की कमेटी चीफ जस्टिस की जगह गृह मंत्री को जगह दी गई है। उन्होंने कहा कि, मौजूदा चीफ इक्लेशन कमिश्नर, गृह मंत्री अमित शाह के से सचिव रहे हैं। इसलिए उन्हें चीफ इक्लेशन कमिश्नर बनाए रखना चाहते हैं ताकि वोट चोरी कर सके।




