Panchkula News: स्कूल में खौफनाक घटना, तीसरे के छात्र ने KG की बच्ची को लातों से मारा, सिर और चेहरे पर मारे पत्थर, रौंगटे खड़े कर देगा मामला
पिता के बुलाने का बहाना बनाकर पहली मंजिल पर ले जाने का आरोप
परिजनों के मुताबिक, तीसरी कक्षा में पढ़ने वाला छात्र बच्ची को उसके पिता के बुलाने की बात कहकर स्कूल की पहली मंजिल पर ले गया था। आरोप है कि इसी दौरान बच्ची के साथ मारपीट की गई। छात्र ने कथित तौर पर पहले पत्थरों से हमला किया और फिर गमले का इस्तेमाल कर उसे घायल कर दिया। परिजनों का कहना है कि बच्ची को काफी देर तक घसीटा भी गया। जब परिवार के सदस्य स्कूल पहुंचे, तब बच्ची घायल और बेसुध अवस्था में मिली।
गंभीर हालत में PGI चंडीगढ़ रेफर
घटना के बाद घायल बच्ची को तत्काल सेक्टर-6 स्थित नागरिक अस्पताल पहुंचाया गया। डॉक्टरों ने प्राथमिक उपचार किया, लेकिन उसकी गंभीर स्थिति को देखते हुए बेहतर इलाज के लिए PGI चंडीगढ़ रेफर कर दिया गया। फिलहाल बच्ची की हालत गंभीर बताई जा रही है।
परिजनों ने स्कूल की सुरक्षा व्यवस्था पर उठाए सवाल
इस घटना के बाद बच्ची के परिजनों ने स्कूल प्रबंधन की निगरानी व्यवस्था पर सवाल खड़े किए हैं। बच्ची के चाचा फाजिल के अनुसार, जब परिवार के लोग बच्ची को खोजते हुए स्कूल पहुंचे तो तीसरी कक्षा का छात्र ही उन्हें उस स्थान तक लेकर गया, जहां बच्ची घायल हालत में पड़ी थी।
परिजनों का सवाल है कि स्कूल परिसर में CCTV कैमरे लगे होने और उनकी निगरानी प्रिंसिपल के कार्यालय से किए जाने के बावजूद इतनी बड़ी घटना किसी की नजर में क्यों नहीं आई? उनका कहना है कि यदि समय रहते शिक्षक या स्कूल का कोई कर्मचारी हस्तक्षेप करता, तो बच्ची को इतनी गंभीर चोटों से बचाया जा सकता था।
पुलिस ने शुरू की जांच
मामले की जानकारी मिलते ही सेक्टर-20 थाना प्रभारी यशदीप और जांच अधिकारी प्रदीप कुमार पुलिस टीम के साथ स्कूल पहुंचे। पुलिस अधिकारियों ने स्कूल प्रबंधन से घटना के संबंध में जानकारी जुटाई है। साथ ही संबंधित छात्र के माता-पिता से भी पूछताछ की जा रही है। पुलिस इस बात की जांच कर रही है कि घटना किन परिस्थितियों में हुई और स्कूल में मौजूद कर्मचारियों को इसकी जानकारी कब मिली। CCTV फुटेज और अन्य साक्ष्यों की जांच भी मामले की तह तक पहुंचने के लिए महत्वपूर्ण होगी।
आरोपी छात्र का कराया जाएगा मानसिक आकलन
Panchkula News: पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, घटना में शामिल बताए जा रहे छात्र का मानसिक आकलन कराया जाएगा, ताकि उसके व्यवहार और घटना से जुड़ी परिस्थितियों को समझा जा सके। वहीं, शिक्षा विभाग ने भी मामले की जांच के लिए एक कमेटी गठित की है। इस घटना ने वहां बच्चों की निगरानी और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर गंभीर चिंताएं पैदा कर दी हैं। खासतौर पर छोटे बच्चों की सुरक्षा, शिक्षकों की जिम्मेदारी और CCTV निगरानी व्यवस्था को लेकर सवाल उठ रहे हैं।




