
दुर्ग : दुर्ग जिले के पुरानी भिलाई थाना क्षेत्र अंतर्गत चरोदा में एक दर्दनाक सड़क हादसे में बाइक सवार चाचा-भतीजे की मौत हो गई। ट्रेलर की चपेट में आने से दोनों की जान चली गई। घटना के बाद दुर्ग एसएसपी विजय अग्रवाल खुद मौके पर पहुंचे और जांच के बाद दुर्घटना का कारण अमानक ब्रेकर को बताया।
गलत ब्रेकर बना मौत का कारण
पुलिस जांच में सामने आया कि चरोदा स्थित नेशनल हाईवे पर सड़क निर्माता कंपनी ने मानकों के खिलाफ ब्रेकर बनाए थे। इन ब्रेकरों के कारण जब कोई वाहन तेज रफ्तार में निकलता है तो संतुलन बिगड़ जाता है और हादसा हो जाता है। यही हुआ मोहनीश कुरैशी (18 वर्ष) और उसके 14 वर्षीय भतीजे सोहान कुरैशी के साथ। रायपुर से लौटते समय बाइक एक ब्रेकर पर असंतुलित हो गई और ट्रेलर के नीचे जा घुसी, जिससे मौके पर ही दोनों की मौत हो गई।
SSP ने जताई नाराजगी, कंपनी को नोटिस जारी
एसएसपी विजय अग्रवाल ने घटना स्थल का निरीक्षण कर लापरवाही पर नाराजगी जाहिर की। उन्होंने एएसपी ट्रैफिक ऋचा मिश्रा को निर्देश दिया कि सड़क निर्माण करने वाली कंपनी आलोक बिल्डटेक प्राइवेट लिमिटेड (एबीपीएल) को नोटिस जारी किया जाए और पूछा जाए कि क्यों न उनके खिलाफ हत्या का मामला दर्ज किया जाए।
ASP का बयान: जानलेवा हैं ये ब्रेकर
एएसपी ऋचा मिश्रा ने बताया कि संबंधित सड़क पर बनाए गए ब्रेकर पूरी तरह से अमानक हैं। ऐसे ब्रेकरों से वाहन चालक का संतुलन बिगड़ सकता है, जिससे दुर्घटनाएं होती हैं। उन्होंने कहा कि एसपी के निर्देश पर कंपनी को नोटिस जारी कर जवाब मांगा जा रहा है। इसके बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
मृतकों की पहचान
मृतकों की पहचान मोहनीश कुरैशी (18 वर्ष), पिता अनीश, और सोहान कुरैशी (14 वर्ष), पिता सराजू, निवासी ग्राम अदमपुर, थाना शहपुर, जिला मुजफ्फरनगर, उत्तर प्रदेश के रूप में हुई है। मोहनीश भिलाई के पावर हाउस क्षेत्र में किराए पर रहता था और कपड़ों की फेरी लगाने का काम करता था। उसका भतीजा कुछ दिन पहले ही उत्तर प्रदेश से आया था और पहली बार उसके साथ रायपुर गया था।
प्रशासन की सक्रियता से हो सकती है जवाबदेही तय
इस घटना ने सड़क निर्माण में बरती जा रही लापरवाहियों पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। यदि सड़क निर्माता कंपनी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाती है, तो यह भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने में मददगार हो सकती है।




