Korba News: रील की लत बनी जानलेवा… नेटवर्क गया तो गुस्से में महिला ने उठाया खौफनाक कदम, हैरान कर देगा मामला
कोरबा। Korba News: आज के समय हर कोई सोशल मीडिया का इस्तेमाल करता है। कुछ लोग फेमस होने के लिए इसमें रील वीडियो भी बनाते हैं, लेकिन लोगों की रील बनाने की सनक कई बार घातक साबित हो सकती है। ऐसा ही एक मामला कोरबा जिले के करतला थाना क्षेत्र से सामने आया है। जहां मोबाइल पर रील और सीरियल देखने के दौरान नेटवर्क चले जाने से नाराज एक महिला ने कथित तौर पर कीटनाशक का सेवन कर लिया। गंभीर हालत में उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया, लेकिन इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। यह घटना करतला थाना क्षेत्र के केराकछार गांव की बताई जा रही है। मृतका की पहचान 52 वर्षीय मंगलो बाई के रूप में हुई है।
खाना खाते समय देख रही थी रील
जानकारी के मुताबिक, मंगलो बाई को मोबाइल पर रील और सीरियल देखने की आदत थी। घटना वाले दिन दोपहर में वह खाना खाते हुए मोबाइल पर रील देख रही थी। इसी दौरान अचानक मोबाइल का नेटवर्क चला गया और रील रुक गई। काफी देर तक नेटवर्क वापस नहीं आने से महिला नाराज हो गई। परिजनों के अनुसार, गुस्से में उसने मोबाइल जमीन पर पटक दिया। इसके बाद वह कमरे में चली गई और खुद को अंदर से बंद कर लिया।
कमरे में कीटनाशक पीने की बात सामने आई
कुछ देर बाद परिजनों को महिला के कीटनाशक पीने की जानकारी हुई। उसके पति प्रेमलाल सारथी ने महिला को उल्टी कराने की कोशिश की। परिजनों के मुताबिक, इसके लिए उसे गोबर मिला पानी भी पिलाया गया, लेकिन उसकी हालत में कोई सुधार नहीं हुआ। इसके बाद परिवार के लोग तत्काल महिला को करतला स्वास्थ्य केंद्र लेकर पहुंचे। प्राथमिक उपचार के बाद उसकी गंभीर स्थिति को देखते हुए डॉक्टरों ने उसे कोरबा मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया। मेडिकल कॉलेज में उपचार के दौरान रविवार को महिला ने दम तोड़ दिया।
मजदूरी कर परिवार चलाता है पति
मंगलो बाई अपने पति प्रेमलाल सारथी और तीन बच्चों के साथ केराकछार गांव में रहती थी। प्रेमलाल मजदूरी कर परिवार का पालन-पोषण करता है। परिजनों के अनुसार मंगलो बाई लंबे समय से मोबाइल पर रील और सीरियल देखने की आदी थी। घटना के बाद परिवार में मातम का माहौल है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और घटना के कारणों से जुड़े सभी पहलुओं की जानकारी जुटाई जा रही है।
8 महीने में आत्महत्या से जुड़े 57 मामलों में मौत
Korba News: इस घटना के बीच कोरबा मेडिकल कॉलेज से जुड़ा एक आंकड़ा भी सामने आया है। बताया गया है कि पिछले 8 महीनों में आत्महत्या से जुड़े मामलों में 57 लोगों की मौत हो चुकी है। हालांकि, हर घटना के पीछे अलग-अलग परिस्थितियां और कारण हो सकते हैं। विशेषज्ञ लगातार लोगों से तनाव या मानसिक परेशानी की स्थिति में परिवार, भरोसेमंद लोगों या पेशेवर मदद लेने की अपील करते हैं। पुलिस का कहना है कि किसी भी व्यक्ति के असामान्य व्यवहार या आत्मघाती कदम के संकेत मिलने पर उसे अकेला न छोड़ें और तत्काल मदद उपलब्ध कराएं।




