Rahul Gandhi On EC: SIR को लेकर फिर गरमाया विवाद, Form 6 Row को लेकर राहुल गांधी ने EC और TCS से पूछे सवाल
नई दिल्ली। Rahul Gandhi On EC: मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR को लेकर चल रही राजनीतिक बहस के बीच अब नए मतदाताओं के रजिस्ट्रेशन के लिए इस्तेमाल होने वाले Form 6 को लेकर विवाद फिर सामने आया है। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने ऑनलाइन Form 6 में किए गए बदलाव को लेकर चुनाव आयोग और टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (TCS) की भूमिका पर सवाल उठाए हैं।
राहुल गांधी ने गुरुवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट कर पूछा कि चुनाव आयोग में किस अधिकारी या स्तर से TCS को Form 6 में बदलाव करने के निर्देश दिए गए थे। उन्होंने यह भी सवाल किया कि TCS में इस बदलाव को किसने मंजूरी दी और क्या कंपनी पर इसे लागू करने के लिए किसी तरह का दबाव था।
The online Form 6 was changed illegally – as the EC’s own Commissioners have recorded.
Who at the ECI ordered Tata Consultancy Services to make that change?
Who at TCS signed off on it? And were they pressured into doing it?
— Rahul Gandhi (@RahulGandhi) October 1, 2026
Form 6 में आखिर क्या बदलाव हुआ था?
Form 6 का इस्तेमाल नए मतदाताओं के नाम मतदाता सूची में जोड़ने के लिए किया जाता है। जुलाई 2026 में इसके ऑनलाइन संस्करण में SIR से संबंधित एक अतिरिक्त घोषणा जोड़ी गई थी। इसमें आवेदक से यह जानकारी मांगी गई थी कि उसका नाम पिछली SIR के दौरान तैयार मतदाता सूची में था या नहीं। इसके अलावा आवेदक के माता-पिता या दादा-दादी का नाम उस पुरानी सूची में होने से जुड़ी जानकारी भी मांगी गई थी। Indian Express की रिपोर्ट के मुताबिक, यह अतिरिक्त हिस्सा ऑनलाइन Form 6 में जोड़ा गया था, जबकि वैधानिक Form 6 में औपचारिक संशोधन नहीं किया गया था।
दो चुनाव आयुक्तों ने जताई थी आपत्ति
Form 6 में जोड़े गए इस अतिरिक्त घोषणा-पत्र को लेकर चुनाव आयोग के दो आयुक्तों सुखबीर सिंह संधू और विवेक जोशी ने आपत्ति दर्ज की थी। Indian Express की रिपोर्ट के अनुसार, दोनों ने इसे ‘illegal’ और ‘unauthorised’ बताते हुए इसे हटाने की जरूरत बताई थी। रिपोर्ट के मुताबिक, इस अतिरिक्त हिस्से में तीन विकल्पों के जरिए आवेदक से उसके या उसके माता-पिता/दादा-दादी के पुराने SIR रिकॉर्ड से संबंधित जानकारी मांगी जा रही थी।
राहुल गांधी ने TCS की भूमिका पर भी उठाया सवाल
राहुल गांधी ने अपने बयान में केवल चुनाव आयोग की भूमिका पर ही सवाल नहीं उठाया, बल्कि TCS से जुड़े निर्णय की प्रक्रिया पर भी सवाल किया। उन्होंने पूछा कि आयोग की ओर से TCS को यह बदलाव करने का निर्देश किसने दिया और कंपनी की तरफ से इस बदलाव को मंजूरी किस अधिकारी ने दी। साथ ही उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि क्या TCS पर इस बदलाव को लागू करने के लिए दबाव था। इन सवालों के जरिए कांग्रेस ने Form 6 में किए गए बदलाव की प्रक्रिया और जिम्मेदारी तय करने की मांग उठाई है।
SIR विवाद से जुड़ा है पूरा मामला
Form 6 का यह विवाद SIR की प्रक्रिया से जुड़ा है। चुनावी मतदाता सूची के पुनरीक्षण को लेकर विपक्ष लगातार चुनाव आयोग की प्रक्रिया और फैसलों पर सवाल उठाता रहा है। इसी मुद्दे पर बुधवार को INDIA ब्लॉक के नेताओं की बैठक भी हुई थी। बैठक के बाद विपक्षी दलों ने चुनाव प्रक्रिया से जुड़े मुद्दों को लेकर आगे आंदोलन की घोषणा की है। विपक्षी सांसदों की ओर से 6 अक्टूबर को चुनाव आयोग तक मार्च करने की योजना भी सामने आई है।
चुनाव आयोग का क्या कहना है?
चुनाव आयोग ने अपने स्तर पर होने वाली अलग-अलग राय और सुझावों को संस्थागत प्रक्रिया का सामान्य हिस्सा बताया है। आयोग का कहना है कि उसके फैसले निर्धारित कानूनी और संवैधानिक प्रक्रिया के तहत लिए जाते हैं। Form 6 से जुड़े घटनाक्रम में अब एक और बदलाव सामने आया है। रिपोर्टों के अनुसार, जिन राज्यों में SIR की प्रक्रिया पूरी हो चुकी है, वहां ऑनलाइन Form 6 से अतिरिक्त SIR घोषणा को हटाया गया है।
नए मतदाताओं के लिए क्यों अहम है Form 6?
Rahul Gandhi On EC: Form 6 नए मतदाताओं के पंजीकरण की प्रक्रिया का महत्वपूर्ण हिस्सा है। इसलिए इसमें किसी भी बदलाव का सीधा संबंध पहली बार वोटर बनने वाले नागरिकों की आवेदन प्रक्रिया से होता है। फिलहाल Form 6 को लेकर राहुल गांधी के सवालों, दो चुनाव आयुक्तों की पूर्व आपत्तियों और चुनाव आयोग के स्पष्टीकरण के बीच यह मुद्दा एक बार फिर राजनीतिक और संस्थागत चर्चा के केंद्र में आ गया है। मामले में अलग-अलग पक्षों के दावों और आधिकारिक रिकॉर्ड से ही बदलाव की पूरी प्रक्रिया को लेकर तस्वीर स्पष्ट होगी।




