PM Modi On Nana Patekar: ‘पीढ़ियों तक लोगों की यादों में बसे रहेंगे नाना पाटेकर’, अभिनेता के निधन पर बोले पीएम मोदी, दी श्रद्धांजलि
नई दिल्ली। PM Modi On Nana Patekar: दिग्गज अभिनेता नाना पाटेकर के निधन से भारतीय फिल्म जगत में शोक की लहर है। 8 अक्टूबर की सुबह गोवा स्थित अपने आवास पर नाना पाटेकर की तबीयत अचानक बिगड़ी। उन्हें अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने करीब 45 मिनट तक उन्हें बचाने की कोशिश की, लेकिन उन्हें बचाया नहीं जा सका। अस्पताल के अनुसार, सुबह करीब 5:20 बजे उन्हें मृत घोषित किया गया। नाना पाटेकर के निधन पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी गहरा दुख व्यक्त किया। इंडिया मोबाइल कांग्रेस के 10वें संस्करण को संबोधित करने के दौरान पीएम मोदी ने उन्हें याद करते हुए श्रद्धांजलि दी और उनके लंबे फिल्मी सफर तथा अभिनय प्रतिभा का उल्लेख किया।
PM मोदी ने नाना पाटेकर को दी श्रद्धांजलि
प्रधानमंत्री ने कहा कि, नाना पाटेकर ने अपने अलग-अलग किरदारों के जरिए दर्शकों पर गहरी छाप छोड़ी। उनके अभिनय में विविधता के साथ-साथ समाज और देश से जुड़े विषयों के प्रति संवेदनशीलता भी दिखाई देती थी। पीएम मोदी ने नाना पाटेकर के व्यक्तित्व और उनके काम को याद करते हुए कहा कि उन्होंने अपनी फिल्मों के जरिए सामाजिक बुराइयों और व्यवस्था से जुड़े मुद्दों को भी प्रभावी तरीके से सामने रखा। प्रधानमंत्री ने अभिनेता के परिवार, मित्रों और प्रशंसकों के प्रति संवेदना व्यक्त की।
श्री नाना पाटेकरजी हांचे अभिनयातले वेगळेपण, तीव्रता आनी प्रभावी व्यक्तिमत्त्व हे थोड्याच कलाकारां कडेन आशिल्ले. नाना पाटेकर हाणी आपल्या दरेका भुमिकेंत तुस्त करपासारकी भौमुखी प्रतिभा आनी सृजनशीलताय हाडली तशेच आमकां पिळग्यान पिळग्यो याद उरतली, अशी पात्रां तांणी सिनेमामळार साकारली. उक्त्या आनी सरळ विचारांचो व्यक्ती म्हूण तांची वळख आशिल्ली. आपल्याक जे दिसता ते विचार नाना पाटेकर स्पष्टपणान परगटायील्ले.
हिंदी आनी मराठी सिनेमांत नाना पाटेकर हांचें योगदान, भौव मोलादीक आशिल्लें. तांच्या मरणाक लागून, जाल्ले रितेपण कोणूच भरून काडपाक शकना. तांचे कुटुंब, इश्ट आनी असंख्य चाहत्यांच्या दु:खात आमी तांचे वांगडा आसात. ॐ शांति.
— Narendra Modi (@narendramodi) October 8, 2026
उन्होंने कहा कि, नाना पाटेकर जैसा ज़बरदस्त प्रभाव छोड़ने का अंदाज़, उनकी अलग पहचान और अनोखा असर बहुत कम अभिनेताओं में देखने को मिलता है। हर रोल में अद्भुत विविधता और क्रिएटिविटी लाने वाले नाना पाटेकर ने ऐसे किरदार निभाए जो पीढ़ियों तक लोगों की यादों में बसे रहेंगे। अपनी साफ़ और दो-टूक राय के लिए भी उनका बहुत सम्मान किया जाता था; वे अपने पक्के विचारों पर अडिग रहते थे और अपनी बात कहने में कभी पीछे नहीं हटते थे। हिंदी और मराठी फ़िल्म इंडस्ट्री में नाना पाटेकर का योगदान बहुत बड़ा था। उनके जाने से कला की दुनिया में एक बड़ी कमी आ गई है। मैं उनके परिवार, दोस्तों और अनगिनत चाहने वालों के प्रति संवेदना व्यक्त करता हूँ। ओम शांति!
श्री नाना पाटेकर यांच्यासारखी झोकून देण्याची वृत्ती, स्वतःचे वेगळेपण आणि एक आगळा प्रभाव फारच मोजक्या अभिनेत्यांमध्ये पाहायला मिळतो. त्यांनी प्रत्येक भूमिकेत विलक्षण विविधता आणि सर्जनशीलता आणत, अनेक पिढ्यांच्या स्मरणात राहतील अशा भूमिका आपल्यासाठी साकारल्या. आपल्या स्पष्ट आणि परखड विचारांसाठीही त्यांचा मोठा आदर केला जायचा, स्वतःच्या विश्वासावर ठाम राहून मत मांडताना ते कधीही डगमगले नाहीत.
हिंदी आणि मराठी चित्रपटसृष्टीत श्री नाना पाटेकर यांचे योगदान अफाट होते. त्यांच्या जाण्याने कलाविश्वात एक मोठी पोकळी निर्माण झाली आहे. त्यांचे कुटुंब, मित्रपरिवार आणि असंख्य चाहत्यांप्रती मी संवेदना व्यक्त करतो. ओम शांती!
— Narendra Modi (@narendramodi) October 8, 2026
यादों में बसे रहेंगे नाना
नाना पाटेकर जी की एक्टिंग की खासियत, उनकी तीव्रता और प्रभावशाली व्यक्तित्व—ये गुण बहुत कम कलाकारों में मिलते हैं। नाना पाटेकर के अंदर ज्वालामुखी जैसी ज़बरदस्त प्रतिभा और क्रिएटिविटी थी, जो उनके किरदारों में साफ़ झलकती थी; उन्होंने सिल्वर स्क्रीन पर ऐसे किरदार निभाए जो हमारी यादों में हमेशा बसे रहेंगे। वे अपनी दमदार बातों और साफ़-सुथरी सोच के लिए जाने जाते थे, यही उनकी पहचान थी। वे जो कुछ भी देखते थे, उस पर अपने विचार बहुत साफ़ और प्रभावशाली ढंग से रखते थे। हिंदी और मराठी सिनेमा में नाना पाटेकर का योगदान सचमुच अमूल्य है। उनके जाने से एक ऐसी कमी पैदा हुई है जिसे कोई कभी पूरा नहीं कर सकता। उनके परिवार, चाहने वालों और अनगिनत फ़ैन्स के दुख में हम उनके साथ खड़े हैं। ओम शांति।
नाना पाटेकर जी को भावभीनी श्रद्धांजलि! https://t.co/RHzo8gRfow
— Narendra Modi (@narendramodi) October 8, 2026
पांच दशक से ज्यादा का रहा फिल्मी सफर
नाना पाटेकर का फिल्मी करियर कई दशकों तक चला। हिंदी और मराठी सिनेमा में उन्होंने गंभीर, सामाजिक, नकारात्मक और हास्य सहित अलग-अलग तरह की भूमिकाएं निभाईं। अपनी खास संवाद अदायगी और दमदार स्क्रीन प्रेजेंस के कारण उन्होंने फिल्म इंडस्ट्री में अलग पहचान बनाई। उन्होंने थिएटर से अपने अभिनय सफर की शुरुआत की और आगे चलकर फिल्मों में अपनी मजबूत जगह बनाई। ‘परिंदा’, ‘क्रांतिवीर’, ‘अग्निसाक्षी’ और ‘नटसम्राट’ जैसी फिल्मों में उनके अभिनय को खास तौर पर याद किया जाता है।
तीन बार मिला नेशनल फिल्म अवॉर्ड
नाना पाटेकर को उनके अभिनय के लिए तीन राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार मिले। फिल्म ‘परिंदा’ में उनके प्रदर्शन के लिए उन्हें सर्वश्रेष्ठ सहायक अभिनेता का राष्ट्रीय पुरस्कार मिला। इसके बाद ‘क्रांतिवीर’ के लिए उन्हें सर्वश्रेष्ठ अभिनेता का राष्ट्रीय पुरस्कार मिला। फिल्म ‘अग्निसाक्षी’ में उनके अभिनय के लिए भी उन्हें राष्ट्रीय पुरस्कार से सम्मानित किया गया। इस तरह उनके खाते में कुल तीन नेशनल फिल्म अवॉर्ड रहे।
पद्मश्री से भी सम्मानित हुए थे नाना
भारतीय सिनेमा में उनके योगदान को देखते हुए नाना पाटेकर को वर्ष 2013 में पद्मश्री से सम्मानित किया गया था। अभिनय के अलावा उन्होंने निर्देशन और थिएटर में भी काम किया। नाना पाटेकर की पहचान केवल हिंदी फिल्मों तक सीमित नहीं रही। उन्होंने मराठी सिनेमा में भी कई महत्वपूर्ण भूमिकाएं निभाईं और दोनों भाषाओं के दर्शकों के बीच अपनी खास जगह बनाई।
गोवा में हुआ निधन, अंतिम संस्कार को लेकर तैयारी
PM Modi On Nana Patekar: रिपोर्टों के मुताबिक नाना पाटेकर गोवा स्थित अपने आवास पर थे, जहां उन्हें सुबह बेहोशी की हालत में पाया गया। उन्हें तत्काल अस्पताल पहुंचाया गया, लेकिन डॉक्टरों की कोशिशों के बावजूद उनकी जान नहीं बच सकी। उनके निधन की खबर के बाद फिल्म इंडस्ट्री, प्रशंसकों और उनके चाहने वालों में शोक की लहर है। नाना पाटेकर का जाना भारतीय सिनेमा के लिए एक बड़ी क्षति माना जा रहा है। अपनी विशिष्ट अभिनय शैली, दमदार आवाज और यादगार किरदारों के जरिए उन्होंने हिंदी और मराठी फिल्मों में ऐसी पहचान बनाई, जिसे लंबे समय तक याद किया जाएगा।




