[t4b-ticker]
Advertisement
Uncategorized

Mallikarjun Kharge Speech: लोकसभा के बाद राज्यसभा में एंटी पेपर लीक संशोधन विधेयक पारित, खड़गे ने कहा-‘इस्तीफा दें अमित शाह’

नई दिल्ली। Mallikarjun Kharge Speech:  लोकसभा में गुरुवार को ‘सार्वजनिक परीक्षा (अनुचित साधनों की रोकथाम) संशोधन विधेयक, 2026’ पारित होने के बाद अब राज्यसभा में यह बिल पेश किया गया।  जिस पर चर्चा के दौरान सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच तीखी नोकझोंक देखने को मिली। बहस के दौरान परीक्षा प्रणाली, पेपर लीक, शिक्षा व्यवस्था और अन्य मुद्दों को लेकर सदन में कई बार हंगामे की स्थिति बनी।

Raipur Crime News: हत्या या आत्महत्या… महानदी में मिली युवती की लाश, इलाके में फैली सनसनी, जांच में जुटी पुलिस

केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने विधेयक पेश करते हुए कहा कि, सरकार परीक्षा प्रक्रिया में पारदर्शिता और निष्पक्षता सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि प्रस्तावित संशोधन सरकार की ‘पेपर लीक के प्रति शून्य सहिष्णुता’ (Zero Tolerance) नीति को दर्शाता है और युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि परीक्षा प्रणाली को सुरक्षित बनाने और संगठित तरीके से होने वाले पेपर लीक पर प्रभावी रोक लगाने के लिए कानून को और मजबूत किया जा रहा है।

विपक्ष ने सरकार को घेरा

चर्चा में भाग लेते हुए कांग्रेस अध्यक्ष एवं राज्यसभा में विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खड़गे ने सरकार पर परीक्षा प्रणाली को सुरक्षित रखने में विफल रहने का आरोप लगाया। उन्होंने दावा किया कि पिछले कुछ वर्षों में अनेक प्रतियोगी परीक्षाओं के प्रश्नपत्र लीक हुए, जिससे लाखों अभ्यर्थियों का भविष्य प्रभावित हुआ। खड़गे ने कहा कि यदि समय रहते प्रभावी कार्रवाई की जाती तो ऐसी घटनाओं को रोका जा सकता था। उन्होंने परीक्षा व्यवस्था में सुधार, वार्षिक परीक्षा कैलेंडर और स्वतंत्र जांच व्यवस्था की मांग भी उठाई।

मल्लिकार्जुन खड़गे ने आरोप लगाया कि ओबीसी-एससी और एसटी आगे न आएं, इसके लिए भर्तियां नहीं करते। उन्होंने चार मांगें भी सामने रखी। मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा कि इस समस्या को तभी सुलझाया जा सकेगा और लोग स्वीकार करेंगे, जब अमित शाह इस्तीफा देंगे। खड़गे ने मांग की है कि एक फिक्स वार्षिक परीक्षा कैलेंडर होना चाहिए। गड़बड़ियों की जांच हाई पावर स्वतंत्र एजेंसी से सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में कराएं, अमित शाह इस्तीफा दें।

बयान पर सदन में हंगामा

बहस के दौरान खड़गे द्वारा शिक्षा व्यवस्था और कुछ वैचारिक संदर्भों को लेकर दिए गए बयान पर सत्ता पक्ष ने कड़ी आपत्ति जताई। केंद्रीय मंत्री जगत प्रकाश नड्डा ने कहा कि यह टिप्पणी तथ्यों पर आधारित नहीं है और इससे अनावश्यक विवाद पैदा हो सकता है। विवाद बढ़ने पर राज्यसभा की कार्यवाही के दौरान सभापति सी. पी. राधाकृष्णन ने संबंधित टिप्पणी को रिकॉर्ड से हटाने के निर्देश दिए, जिसके बाद भी कुछ समय तक सदन में हंगामा जारी रहा।

Vande Mataram Bill : दोनों सदनों से पास हुआ वंदे मातरम् विधेयक, अपमान करने पर सजा का भी प्रावधान

पहले लोकसभा से पारित हो चुका है विधेयक

Mallikarjun Kharge Speech:  इससे पहले यह संशोधन विधेयक लोकसभा में लंबी चर्चा के बाद पारित किया जा चुका है। अब राज्यसभा में इस पर विस्तृत बहस हुई, जिसमें सरकार और विपक्ष ने परीक्षा प्रणाली की पारदर्शिता, युवाओं के हित और शिक्षा व्यवस्था से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर अपने-अपने तर्क रखे। विधेयक पर आगे की संसदीय प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही इसके अंतिम स्वरूप और लागू होने की दिशा तय होगी।

Advertisement
Tags

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
Close