KTU University: ‘व्यक्ति के विवेक को नष्ट करता है नशा’..कुशाभाऊ ठाकरे विश्वविद्यालय में ‘नशा मुक्त युवा अभियान’ के तहत विद्यार्थियों ने ली शपथ

रायपुर। KTU University: कुशाभाऊ ठाकरे पत्रकारिता एवं जनसंचार विश्वविद्यालय (केटीयू), रायपुर में ‘नशा मुक्त युवा अभियान’ के अंतर्गत रविवार को नशा मुक्ति शपथ कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस दौरान विश्वविद्यालय के अधिकारियों, शिक्षकों, कर्मचारियों और विद्यार्थियों ने स्वयं नशे से दूर रहने तथा समाज को नशामुक्त बनाने में सक्रिय योगदान देने का संकल्प लिया।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कुलपति प्रो. मनोज दयाल ने युवाओं से जीवन में अनुशासन, आत्मसंयम और सकारात्मक सोच अपनाने का आह्वान किया। उन्होंने राष्ट्रकवि रामधारी सिंह ‘दिनकर’ की प्रसिद्ध पंक्ति—“जब नाश मनुष्य पर छाता है, पहले विवेक मर जाता है”—का उल्लेख करते हुए कहा कि नशा व्यक्ति के विवेक, परिवार और भविष्य, तीनों को प्रभावित और नष्ट कर देता है।
कुलपति ने विद्यार्थियों से मोबाइल फोन का भी संयमित और सार्थक उपयोग करने की अपील की। उन्होंने विश्वविद्यालय परिसर को पूर्णतः नशा मुक्त कैंपस बनाने की घोषणा करते हुए कहा कि युवाओं को नशे से दूर रहकर अपने लक्ष्य और भविष्य पर ध्यान केंद्रित करना चाहिए।
कुलसचिव सुनील कुमार शर्मा ने कहा कि जीवन में किसी भी प्रकार का निवेश करने से पहले उसके आर्थिक और सामाजिक प्रभावों का विश्लेषण करना आवश्यक है। उन्होंने कहा कि नशे की शुरुआत अक्सर क्षणिक सुख या आकर्षण के कारण होती है, लेकिन धीरे-धीरे यह आदत कब लत में बदल जाती है, इसका व्यक्ति को पता भी नहीं चलता।
कार्यक्रम में विभागाध्यक्ष पंकज नयन पांडेय, डॉ. नृपेन्द्र शर्मा, डॉ. राजेन्द्र मोहंती सहित विश्वविद्यालय के अधिकारियों, शिक्षकों, कर्मचारियों और विद्यार्थियों ने ‘नशा मुक्त भारत’ के निर्माण में सक्रिय भूमिका निभाने तथा स्वयं नशे से दूर रहने की शपथ ली।
KTU University: कार्यक्रम का संचालन एवं संयोजन डॉ. शैलेन्द्र खंडेलवाल ने किया। इस अवसर पर विश्वविद्यालय परिवार ने केटीयू को पूर्णतः नशा मुक्त परिसर बनाने के लिए सामूहिक प्रयास करने का संकल्प भी दोहराया।



