Bhilai News: लखनऊ अग्निकांड के बाद छत्तीसगढ़ में बड़ी कार्रवाई, सुरक्षा मानकों की अनदेखी पर 4 कोचिंग संस्थान सील
भिलाई। Bhilai News: भिलाई के न्यू सिविक सेंटर क्षेत्र में जिला प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई करते हुए चार कोचिंग संस्थानों को सील कर दिया। संयुक्त जांच के दौरान इन संस्थानों में सुरक्षा संबंधी आवश्यक मानकों का पालन नहीं पाए जाने पर यह कदम उठाया गया। कार्रवाई के बाद कोचिंग संचालकों और अन्य संस्थानों में हड़कंप मच गया।
जानकारी के अनुसार, प्रशासन ने वेदांत, मोशन, राम और सीएडी कोचिंग सेंटर के खिलाफ यह कार्रवाई की है। जांच में सामने आया कि इन संस्थानों में अग्नि सुरक्षा और आपातकालीन प्रबंधन से जुड़े कई महत्वपूर्ण नियमों की अनदेखी की जा रही थी। विद्यार्थियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने तत्काल प्रभाव से इन कोचिंग सेंटरों को सील करने का निर्णय लिया।
संयुक्त टीम ने की जांच
यह कार्रवाई जिला प्रशासन, अग्निशमन विभाग और पुलिस विभाग की संयुक्त टीम द्वारा की गई। अधिकारियों ने कोचिंग संस्थानों का निरीक्षण कर फायर सेफ्टी उपकरण, आपातकालीन निकास व्यवस्था, अग्निशमन प्रमाणपत्र और अन्य सुरक्षा प्रबंधों की जांच की। निरीक्षण के दौरान कई गंभीर खामियां सामने आने के बाद संस्थानों के संचालन पर रोक लगा दी गई।
लखनऊ अग्निकांड के बाद बढ़ी सख्ती
हाल ही में हुए लखनऊ अग्निकांड के बाद प्रशासनिक स्तर पर शैक्षणिक और व्यावसायिक संस्थानों की सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा की जा रही है। इसी क्रम में भिलाई में भी कोचिंग सेंटरों की जांच शुरू की गई थी। अधिकारियों का कहना है कि छात्रों की सुरक्षा से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा।
अन्य संस्थानों को भी चेतावनी
जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि शहर के अन्य कोचिंग सेंटर, स्कूल, कॉलेज और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों की भी जांच की जाएगी। जिन संस्थानों में सुरक्षा मानकों का पालन नहीं पाया जाएगा, उनके खिलाफ भी कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
प्रशासन की अपील
Bhilai News: अधिकारियों ने सभी शैक्षणिक संस्थानों के संचालकों से अग्नि सुरक्षा संबंधी नियमों का पालन सुनिश्चित करने और आवश्यक प्रमाणपत्र एवं सुरक्षा उपकरण उपलब्ध रखने की अपील की है। प्रशासन का कहना है कि सुरक्षा मानकों को पूरा करने के बाद ही सील किए गए संस्थानों को दोबारा संचालन की अनुमति दी जाएगी। फिलहाल संयुक्त टीम द्वारा अन्य कोचिंग संस्थानों और सार्वजनिक भवनों की जांच भी जारी है।




