सुशासन तिहार: औचक निरीक्षण पर ढोढ़रीखाला पहुंचे मुख्यमंत्री विष्णु देव साय, चौपाल लगाकर सुनीं ग्रामीणों की समस्याएं

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय का हेलीकॉप्टर आज जनपद पंचायत शंकरगढ़ के ग्राम पंचायत हरगवां स्थित ढोढ़रीखाला (नवापारा) पारा में उतरा। यह दौरा ‘सुशासन तिहार’ कार्यक्रम के तहत एक औचक निरीक्षण के रूप में किया गया, जिसने ग्रामीणों को चौंका दिया और खुशी से भर दिया। जैसे ही हेलीकॉप्टर उतरा, ग्रामीणों की भीड़ चौपर को देखने और मुख्यमंत्री से मिलने उमड़ पड़ी।
पारंपरिक स्वागत से गूंजा आदिवासी गांव
हरगवां गांव, जो कि आदिवासी बहुल क्षेत्र है और जहां पहाड़ी कोरवा विशेष पिछड़ी जनजाति के लोग निवास करते हैं, वहां मुख्यमंत्री का पारंपरिक स्वागत किया गया। महिलाओं ने पांव पखारकर, टीका लगाकर और सरई पत्ते की माला पहनाकर उनका अभिनंदन किया। साथ ही स्वागत गीत भी प्रस्तुत किए गए।
आम, महुआ और कटहल के पेड़ों के नीचे लगी चौपाल
मुख्यमंत्री ने ढोढ़रीखाला पारा में चौपाल लगाई और ग्रामीणों से सीधे संवाद कर उनकी समस्याएं सुनीं। एक महिला ने पेयजल संकट की शिकायत की, जिस पर उन्होंने तुरंत अधिकारियों से वास्तविक स्थिति की जानकारी ली। वहीं बेलसर गांव की दीपू बघेल ने वन भूमि पट्टा पर खेती नहीं कर पाने की समस्या रखी। इस पर मुख्यमंत्री ने तत्काल जांच और कार्रवाई के निर्देश दिए।
योजनाओं की स्थिति पर लिया फीडबैक
चौपाल में मुख्यमंत्री ने यह भी पूछा कि क्या सरकारी योजनाओं का लाभ मिल रहा है, पटवारी गांव में आते हैं या नहीं, और राजस्व संबंधी कोई परेशानी तो नहीं है। उन्होंने प्रधानमंत्री जनमन योजना के अंतर्गत ढोढ़रीखाला में स्वीकृत 19 आवासों में से 16 के पूर्ण निर्माण की स्थिति की भी समीक्षा की।

आला अधिकारी भी रहे साथ
मुख्यमंत्री साय के साथ मुख्य सचिव अमिताभ जैन और मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव सुबोध सिंह भी मौजूद रहे। मुख्यमंत्री के आगमन की सूचना मिलते ही जिला कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक भी मौके पर पहुंच गए।
यह दौरा ग्रामीणों के लिए एक अभूतपूर्व अनुभव रहा, जहां शासन के सर्वोच्च स्तर से सीधा संवाद और त्वरित कार्रवाई देखने को मिली। ग्रामीणों ने मुख्यमंत्री की इस पहल की सराहना करते हुए इसे जनता से सीधे जुड़ने की मिसाल बताया।




